सौरमंडल का अद्भुत सच




Vid

 पूरे ब्रह्मांड में असंख्य तारे हैं इतने तारे हैं कि जिनको हम गिन ही नही सकते अनगिनत हैं और करीब 5 बिलियन साल पहले सौरमंडल की उत्पत्ति हुई और जब एक नए तारे का जन्म हुआ जिसका नाम है सूर्य, हाइड्रोजन व हीलियम से बना हुआ यह आग का गोला जो की सौरमंडल का सबसे बड़ा सदस्य है इस गोले का जन्म यानी कि सूर्य का जन्म करीब 4.6 बिलियन साल पहले हुआ था सौर मंडल के परिवार में स्वयं सूर्य और सभी ग्रह और धूमकेतु चंद्रमा और बहुत सारे धूल के कण इन सब के द्वारा ही हमारे सौरमंडल का निर्माण हुआ है वर्तमान में सौर मंडल में आठ ग्रह यानी कि बुध शुक्र प्रथ्वी मंगल बृहस्पति शनि अरुण वरुण को माना गया हैं और पहले नौ ग्रहों को माना जाता था 2006 में यम ग्रह को हटा दिया गया क्योंकि वह सूर्य का सबसे दूरी का ग्रह था फिलहाल सूर्य से सबसे दूरी का ग्रह वरुण है जिस प्रकार से हमारी प्रथ्वी गोल घुमती है उसकी तरह ही जो अन्य ग्रह हैं वो भी अपनी अपनी धुरी पर प्रथ्वी कि तरह ही घूमते रहते है और सभी ग्रहों की अपनी-अपनी घूमने की गति अलग-अलग होती है यदि हम पृथ्वी की बात करें तो हमारी प्रथ्वी 24 घंटे में एक बार घूमती है और इसी प्रकार से अपनी धुरी पर घूमते घूमते सूर्य के चारों ओर 365 दिनों में यानी एक साल में सूर्य का एक चक्कर लगाती है और ये सब केवल सूर्य के गुरूत्वकर्षण बल के कारण ही होता है चुंबक अपनी तरफ लोहे को खींचती है यानी कि जिस प्रकार से एक चुंबक का लोहे को अपनी तरफ खींचने का एक दायरा होता हैं बिल्कुल ठीक उसी प्रकार से हमारी प्रथ्वी भी हम सब को चुंबक कि तरह ही अपनी तरफ खीचके रखती हैं।

 उम्मीद है दोस्तों आपको यह आर्टिकल पसंद आया होगा यदि आपको यह आर्टिकल पसंद आया है तो प्लीज like share comment and follow जरूर कीजिएगा
Subscribe on YouTube - Incredible fact हिन्दी

Comments

Popular posts from this blog

PicsArt Editing Photos